Ye Rasta Kahin Nahin Jata -- pustak samiksha : Atulya Khare
pustak samiksha : Atulya Khare समीक्षित पुस्तक : ये रास्ता कहीं नहीं जाता विधा : उपन्यास द्वारा : रमेश खत्री मोनिका प्रकाशन जयपुर द्वारा प्रकाशित वरिष्ठ कथाकार रमेश खत्री द्वारा मूलतः नारी विमर्श पर केन्द्रित रहते हुए निम्न वर्गीय समाज के विभिन्न पात्रों को भिन्न भिन्न काल , परिस्थितियों एवं सामाजिक परिवेश में विभिन्न परेशानियों एवं विषम हालात में डूबते उतराते हुए उनकी मानसिकता एवं व्यवहार को बखूबी प्रस्तुत किया गया है । लेखक : वरिष्ठ कथाकार , समालोचक रमेश खत्री जी दीर्घ काल से साहित्य सृजन एवं प्रकाशन के क्षेत्र से सम्बद्ध हैं एवं साहित्य की अमूमन प्रत्य्र्क विधा में उनकी विभिन्न पुस्तकों का प्रकाशन हो चुका है, पूर्व में वे आकाशवाणी से सम्बद्ध रहे साथ ही उनका साहित्य संग रिश्ता भी निरंतर बना रहा है। उनके विभिन्न कहानी संग्रह जैसे “साक्षात्कार” “देहरी के इधर-उधर” ‘” महायात्रा” ,”ढलान के उस तरफ” , “ इक्कीस कहानियां” आदि प्रकाशित हुए हैं वही कहानी ...