Ashwatthama ki Amar Mani -- Pustak Samiksha : Atulya Khare
Pustak Samiksha : Atulya Khare समीक्षित पुस्तक : अश्वत्थामा की अमर मणि द्वारा : एम.आई.राजस्वी Fingerprint Publication शीर्षक :- यथा पुस्तक के शीर्षक से ही विदित हो जाता है की ब्रम्हांड के सप्त चिरंजीवी में से एक अश्वत्थामा की अमर मणि पर ही सम्पूर्ण कथा केन्द्रित है अतः शीर्षक पूर्णतः युक्तियुक्त एवं तर्कसंगत है। लेखक एवं लेखन शैली :- एम. आई. राजस्वी एक स्थापित कलमकार है जहाँ एक और उनकी रचनाये महान क्रांतिवीरों पर केन्द्रित हैं तो वहीं सुविख्यात कवियत्री सुभद्रा कुमारी चौहान जैसी महान शख्शियतों पर भी उन्होंने लेखन कार्य किया है। पौराणिक घटनाक्रम हो अथवा एतिहासिक पुस्तक , अपने लेखन से पाठक के मस्तिष्क को अपने नियंत्रण में करने की कला में वे अत्यंत निपुण हैं। राजस्वी जी के द्वारा, अपनी विशिष्ट रूचि के वशीभूत भारत वर्ष से सम्बंधित ऐतिहासिक, पौराणिक एवं सांस्कृतिक विषयों पर, तत्संबंधित पृष्टभूमि पर अधिकतम रचनाएँ की गयी हैं। उनके लेखन में, सम्बंधित विषय पर गंभीर चिंतन , गहन एवं तथ्य परक विश...